September 29, 2022

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Basti News: जेई की रोकथाम के लिए सूकरबाड़ों की होगी निगरानी

डीएम ने सूकर पालको के क्षेत्र में सतत् निगरानी के लिए चिकित्साधिकारियों को किया निर्देशित

बस्ती 22 जुलाई। सूकर पालको के क्षेत्र. में सतत् निगरानी के लिए जिलाधिकारी प्रिंयका निरंजन ने सभी पशु चिकित्साधिकारियों को निर्देशित किया है। कलेक्ट्रेट सभागार में आयोजित बैठक में उन्होने बताया कि उ0प्र0 के संचारी रोग निदेशक से प्राप्त सूचना के अनुसार माह जुलाई 2022 में संतकबीर नगर के साथ-साथ आजमगढ, बलिया एंव मऊ में 28 सूकर के नमूने में जेई पाजिटिव पाये गये है। उन्होने निर्देश दिया है कि 31 जुलाई तक संचालित विशेष संचारी रोग नियंत्रण अभियान 31 जुलाई के बाद भी सूकरबाड़ों पर निगरानी रखी जाय। उनका नमूना लेकर सीरो जॉच के लिए भेजा जाय तथा पाजिटिव पाये जाने पर क्षेत्र में प्रत्येक विभाग द्वारा आवश्यक कार्यवाही की जाय।

उन्होने निर्देश दिया है कि पशुपालन विभाग नियमित रूप से सूकरबाड़ों की निगरानी करें एवं सीरो सर्विलांस हेतु रक्त नमूने एकत्र करें। सूकर का नमूना पाजिटिव पाये जाने पर सूकरबाड़ों की नेटिंग (मच्छररोधी नेट लगाना) तथा संक्रमित सूकरों को आइसोलेशन में रखवाना सुनिश्चित करें। सूकरबाड़ों में साफ-सफाई, निरोधात्मक एवं उपचारात्मक कार्यवाही नियमित संचालित की जाय। आगे की कार्यवाही के लिए नमूना पाजिटिव पाये जाने पर चिकित्सा विभाग को तत्काल सूचित करें।

उन्होने निर्देश दिया है कि सूकर में जेई संक्रमण के मामलों को दृष्टिगत रखते हुए मानव संक्रमण को कम करने के लिए दिशा निर्देशों का कड़ाई से पालन करें। प्रभारी सीएमओ डा. जय सिंह ने बताया कि जुलाई माह में संचालित विशेष संचारी रोग नियंत्रण अभियान के तहत सूकरपालन क्षेत्र में सघन वेक्टर सर्विलांस एवं घर-घर जाकर ज्वर पीड़ित रोगियों का चिन्हिकरण, जॉच एंव उपचार कराया जा रहा है। बुखार में डेंगू, मलेरिया, चिकुनगुनिया, जेई/एईएस के उपचार की सुविधा सभी सीएचसी/पीएचसी पर उपलब्ध करायी गयी है।

जिला मलेरिया अधिकारी आई.ए. अंसारी ने बताया कि संचारी रोग नियंत्रण अभियान के अन्तर्गत स्वास्थ्य विभाग के अलावा 10 अन्य विभाग जेई/एईएस प्रभावित गॉव या मुहल्ले में निरोधात्मक गतिविधिया करते है। बैठक में सीडीओ डा. राजेश कुमार प्रजापति, यूनिसेफ की श्रीमती अनीता सिंह, सीबीओ डा. अश्वनी तिवारी, प्रभारी चिकित्साधिकारी एवं पशुचिकित्सा अधिकारीगण उपस्थित रहें।

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